How to Apply For GST Registration Online In India hindi

By | October 16, 2018

जीएसटी ऑनलाइन रजिस्टर कैसे करें? – भारत सरकार ने टैक्स प्रणाली में अब तक का सबसे बड़ा बदलाव करते हुए 1 जुलाई 2017 से पूरे देश में एक नया टैक्स प्रणाली जीएसटी (goods and services tax) को लागू किया। नई टैक्स प्रणाली जीएसटी Goods and Service Tax के तहत पूरे देश में एक टैक्स प्रणाली लागू करना है। जीएसटी GST Registration से पहले प्रत्येक राज्य अपने अपने सुविधा अनुसार वस्तु एवं सेवाओं पर टैक्स वसूला करते थे। जिससे कि एक ही वस्तु की कीमत दो राज्य में अलग अलग हो जाती थी। इस वजह से उपभोक्ताओं को परेशानी का सामना करना पड़ता था। किसी राज्य में एक वस्तु सस्ती दर पर तो दूसरे राज्य में महंगी दर पर बेची जाती थी। इसी परेशानी से निपटने के लिए भारत सरकार जीएसटी को लागू करने में वर्षों से प्रयासरत थी। आखिरकार 1 जुलाई 2017 को जीएसटी को पूरे देश में लागू करने में भारत सरकार ने सफलता हासिल कर ली। जीएसटी के तहत लगाया गया टैक्स भारत के सभी राज्य एवं केंद्रशासित प्रदेशों में एक समान ही रहेगा। जीएसटी (goods and services tax) लागू होने के बाद उपभोक्ताओं को विभिन्न तरह के अलग अलग टैक्सों से भी छुटकारा मिलेगा। जीएसटी के तहत वस्तु एवं सेवा पर टैक्स निर्धारण के बाद जीएसटी काउंसिल द्वारा निर्धारित टैक्स ही पूरे देश में मान्य होगा। कोई भी राज्य अलग से कोई टैक्स नहीं वसूल सकता है। जीएसटी लागू होने के बाद सभी बिजनेस करने वालों को अपना व्यवसाय जीएसटी के तहत रजिस्टर करना होगा। अधिकतर लोगों को जीएसटी के तहत कैसे रजिस्टर करना है? ये मालूम नहीं है! अगर आपको भी जीएसटी के अन्तर्गत अपना व्यवसाय रजिस्टर करना है तो  पोस्ट को अंत तक ध्यानपूर्वक पढ़ें। हम आपको जीएसटी ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन GST Registration से जुड़ी तमाम बातें विस्तार से बताएंगे। GST Registration ProcedureGst Registration Fees और GSTIN Number के बारे में और अधिक जानकारी प्राप्त करे|

Apply For GST Registration

Goods & Service Tax क्या है? (GST in Hindi)

आइए पहले जीएसटी Goods and Service Tax के बारे में विस्तार से जानकारी प्राप्त करते हैं।

क्यों है जीएसटी ज़रूरी?

शायद आपने भी सोचा होगा की जब देश में पहले से ही टैक्स प्रणाली मौजूद है तो फिर सरकार ने जीएसटी लागू क्यों किया! आप अगर बिजनेसमैन है तो आप सोच रहे होंगे कि आखिर सरकार ने आपकी परेशानी क्यों बढ़ा दी।

  • देश में पहले से मौजूद टैक्स प्रणाली इतना उलझा हुआ था कि कभी कभी टैक्स पर ही टैक्स राज्य सरकार द्वारा लगा दिया जाता था।
  • राज्य सरकार अपनी मर्ज़ी से मनचाहा टैक्स वस्तु एवं सेवाओं पर लगाया करते थे।
  • एक ही सामान पर कई तरह का टैक्स उपभोक्ताओं को देना पड़ता था।
  • फैक्ट्री से जब कोई वस्तु बन कर निकलता था तो सबसे पहले उस पर उत्पाद शुल्क (Excise Duty) लगाया जाता था, सामान को एक राज्य से दूसरे राज्य में ले जाते समय दूसरे राज्य में घुसते ही entry tax , जब सामान बिकने के बारी आयी तो sales tax (VAT), कई सामानों पर purchase tax, सामान अगर विलासिता से जुड़ा है तो Luxury Tax अलग से। होटलों या रेस्टोरेंट आदि में वह सामान उपलब्ध कराया जा रहा हो तो Service Tax  अलग, तो इतनी सारे टैक्स हमें एक वस्तु पर देना पड़ता था।
  • जीएसटी लाने का उद्देश्य टैक्स के इस झमेलों को खत्म करना था।
  • जीएसटी से टैक्स प्रणाली आसान हो जाएगी।
  • जीएसटी टैक्स प्रणाली शुरुआत में परेशानी की वजह बन सकता है, पर दरअसल जीएसटी व्यापार को सुलभ बनाता है।
  • जीएसटी में Self Monitoring पर खास ध्यान दिया गया है। सारे सौदों की जानकारी Online अपडेट रखनी है। हर सौदे की रसीद लेने वाले और देने वाले, दोनों के पास रहनी है। दोनों अपनी-अपनी रसीदों के माध्यम से Tax Credit पा सकेंगे। कहीं भी सौदों का मिलान न हुआ तो Online ही गड़बड़ी पकड़ी जा सकेगी।
  • प्रत्येक राज्य का अपना अपना टैक्स प्रणाली होने की वजह से बिजनेसमैन का उन सारी टैक्स प्रणाली को समझना बहुत मुश्किल था। टैक्स के कई तरह के नियम होने से अधिकारी एवं कर्मचारी भी इसका गलत फायदा उठाते थे, जिससे कि बिजनेसमैन को परेशानी का सामना करना पड़ता था।
  • जीएसटी लागू होने के बाद बिजनेसमैन को इन सारी परेशानियों से निजात मिलेगी।

Apply For GST Registration Online In India Hindi

जीएसटी रजिस्ट्रेशन के लिए ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया।

वैसे कारोबारी जिनका एक वित्त वर्ष में 20 लाख रुपए से अधिक का कारोबार है, उन कारोबारियों को जीएसटी के तहत रजिस्टर्ड करना अनिवार्य है। हालांकि, उत्तर पूर्वी भारत यानी जम्मू-कश्मीर, असम, मणिपुर, मेघालय, मिजोरम, नागालैंड, सिक्किम, अरुणाचल प्रदेश, त्रिपुरा, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में यह सीमा 10 लाख है। जीएसटी के अन्तर्गत मिलने वाली विशेष सुविधा एवं विभिन्न लाभों को प्राप्त करने के लिए जीएसटी में रजिस्ट्रेशन आवश्यक है।

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GST Registration Online in Hindi

रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया – GST Registration Online in Hindi

  • रजिस्ट्रेशन के लिए आवश्यक कागजात
  1. आवेदक का पैन कार्ड
  2. व्यवसाय निगमन सर्टिफिकेट
  3. आवेदक का पहचान पत्र
  4. आवेदक के दो फोटोग्राफ
  5. आवेदक के व्यवसाय का पते का प्रमाण
  6. नाम और पते के साथ  बैंक खाते का विवरण
  7. डिजिटल हस्ताक्षर
  • जीएसटी Goods and Service Tax  के तहत अपना व्यवसाय रजिस्टर करने के लिए सबसे पहले आपको जीएसटी से जुड़ी ऑफिशियल वेबसाइट www.gst.gov.in  पर विजिट करना होगा।
  • पेज ओपन होने के बाद “रजिस्टर” पर क्लिक करें।
  • अगले पेज पर आपसे आपकी बेसिक जानकारी मांगी जाएगी। अपनी सारी जानकारी ध्यानपूर्वक दर्ज करें।
  • अपना चालू फोन नंबर एवं इमेल आईडी लिख कर ओटीपी के लिए अप्लाई करें।
  • ओटीपी दर्ज करने के बाद आपके सामने एक नया फॉर्म खुलेगा।
  • ओटीपी आपके मोबाइल नंबर एवं ईमेल आईडी दोनों पर प्राप्त होगा एवं दोनों ओटीपी को पेज पर डालकर वेरिफाई करना होगा।
  • ओटीपी डालने के बाद प्रोसीड पर क्लिक करें।
  • रजिस्ट्रेशन पूरा करवाने के बाद आपको Temporary Reference Number मिलेगा जो कि सिर्फ 15 दिन के लिए  मान्य होगा।
  • Temporary Reference Number मिलने के बाद आपको GST Registration Portal पर जाना है। उस पेज पर New Registration ऑप्शन पर क्लिक करें।
  • Temporary Reference Number  पर क्लिक करें, फिर आपको Temporary Reference Number  को दर्ज कराना है।
  • इसके बाद एक और फॉर्म ओपन होगा जिसमें आपको अपने व्यवसाय से जुड़ी जानकारी दर्ज करनी होगी।
  • सारी जानकारी ध्यानपूर्वक भरने के बाद फॉर्म को सबमिट कर दें।
  • सबमिट करने के बाद आपके फॉर्म की जांच जीएसटी ऑफिसर के द्वारा की जाएगी।
  • फॉर्म की जांच प्रक्रिया 3 दिन में पूरा हो जाएगा।
  • जीएसटी ऑफिसर आपके एप्लिकेशन को अप्रूव (approve) करने से पहले आपसे कुछ दस्तावेज की मांग कर सकता है।
  • तय समय सीमा में दस्तावेज जमा कराने के बाद जीएसटी ऑफिसर आपके एप्लिकेशन को Approve कर देगा।
  • एप्लिकेशन approved होने के 7 दिन बाद आपको जीएसटी रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट मिल जाएगा।
  • हालांकि, अगर आप तय समय सीमा में दस्तावेज जमा कराने में असफल होते हैं तो आपका रजिस्ट्रेशन एप्लिकेशन जीएसटी ऑफिसर द्वारा रद्द कर दिया जाएगा।
  • एप्लिकेशन रद्द होने की सूचना आपको  GST-Reg-05 फॉर्म से दे दिया जाएगा।
  • फिर आपको जीएसटी Goods and Service Tax नंबर के लिए दुबारा अप्लाई करना होगा।

GSTIN Number क्या है?

GSTIN  नंबर का फॉर्मेट

GSTIN नंबर का फॉर्मेट कुछ इस प्रकार का होता है – 23 BBBCA1456D 7 Z 2

  • नंबर में पहली दो संख्या राज्य के नंबर को दर्शाता है।
  • बाद का 10 अंक बिजनेसमैन का पैन कार्ड नंबर है।
  • तेरहवां अंक राज्य का रजिस्ट्रेशन नंबर है।
  • 14वा अंक डिफॉल्ट रूप से Z होगा।
  • आखरी अंक अंग्रेज़ी का कोई भी लेटर या कोई भी अंक हो सकता है।

ये थी जीएसटी ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन GST Registration की प्रक्रिया। तो अब आप भी हमारे बताए गए स्टेप्स को फॉलो कर के अपना व्यवसाय जीएसटी में रजिस्टर कर सकते है।

अगर आपको जीएसटी Goods and Service Tax से जुड़ी कोई भी जानकारी प्राप्त करनी हो तो आप टॉल फ्री नंबर 1800-1200-231 पर संपर्क कर सकते हैं।

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